रंग



अपणे जैसी लागू णा मैं अब तो...
म्हारे पे रंग चढेया साजण का
उठू उस जैसे बैठू भी
रंग ढंग भी साजण से
आयने में भी वो ही दिखे है
म्हारा चेहरा झलके णा
कैसी थी मैं अब मैं जाणू णा


म्हारे पे रंग चढेया साजण का!